कालिदास समारोह: उज्जैन की साहित्यिक और सांस्कृतिक विरासत
कालिदास और उज्जैन का ऐतिहासिक संबंध: उज्जैन सिर्फ ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर की नगरी ही नहीं, बल्कि यह संस्कृत साहित्य और महान कवि महाकवि कालिदास की कर्मभूमि भी रही है। कालिदास, जिन्हें संस्कृत साहित्य का सर्वश्रेष्ठ कवि और नाटककार माना जाता है, ने “मेघदूत,” “अभिज्ञानशाकुंतलम्,” “कुमारसंभव,” “रघुवंश,” जैसी अद्भुत रचनाएँ दीं, जो आज भी साहित्य प्रेमियों के […]










